Who else could rise from the dead?

There was a strong earthquake. An angel of the Lord came down from heaven, went to the tomb and rolled the stone away from the entrance. Then he sat on the stone. He was shining as bright as lightning, and his clothes were white as snow.  The soldiers guarding the tomb shook with fear because of the angel, and they became like dead men.

The angel said to the women, “Don’t be afraid, I know that you are looking for Jesus, who has been crucified. He is not here. He has risen from the dead as he said he would. Come and see the place where his body was. And then go quickly and tell his followers, ‘Jesus has risen from the dead ‘. ”

Matthew 28:2-7

और कौन ओ सकता है?

और देखो एक बड़ा भुईंडोल हुआ, क्योंकि प्रभु का एक दूत स्वर्ग से उतरा, और पास आकर उसने पत्थर को लुढ़का दिया, और उस पर बैठ गया।
उसका रूप बिजली का सा और उसका वस्त्र पाले की नाईं उज्ज़्वल था।
उसके भय से पहरूए कांप उठे, और मृतक समान हो गए।
स्वर्गदूत ने स्त्र्यिों से कहा, कि तुम मत डरो: मै जानता हूँ कि तुम यीशु को जो क्रुस पर चढ़ाया गया था ढूंढ़ती हो।
वह यहाँ नहीं है, परन्तु अपने वचन के अनुसार जी उठा है; आओ, यह स्थान देखो, जहाँ प्रभु पड़ा था।
और शीघ्र जाकर उसके चेलों से कहो, कि वह मृतकों में से जी उठा है; और देखो वह तुम से पहिले गलील को जाता है, वहाँ उसका दर्शन पाओगे, देखो, मैं ने तुम से कह दिया।

मैथ्यू 28:2-7

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